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पेट्रा बाय नाइट: मोमबत्तियाँ, संगीत और रात में ट्रेज़री
पेट्रा · शाम का अनुभव

पेट्रा बाय नाइट: मोमबत्तियाँ, संगीत और रात में ट्रेज़री

हफ़्ते में तीन शाम पेट्रा का सीक़ मोमबत्तियों से सज जाता है और ट्रेज़री अँधेरे में जगमगाती है। पेट्रा बाय नाइट प्राचीन घाटी से होकर एक शांत सैर है, जिसके बाद ट्रेज़री के सामने बद्दू संगीत और एक कहानी होती है। यह पेट्रा की पूरी सैर नहीं है, बल्कि ऐसा माहौल है जो कई यात्रियों को सफ़र के बाद भी लंबे समय तक याद रहता है।

फ़ोटो: Mustafa Waad Saeed · CC BY-SA 4.0

पेट्रा बाय नाइट में क्या होता है

सैर अँधेरा होने के बाद वादी मूसा के विज़िटर सेंटर से शुरू होती है। काग़ज़ की लालटेनों में रखी मोमबत्तियाँ बाब अल-सीक़ और संकरे सीक़ से गुज़रते रास्ते पर सजी होती हैं — कुल लगभग दो किलोमीटर — और पर्यटकों से चुपचाप चलने को कहा जाता है।

आख़िर में ट्रेज़री (अल-ख़ज़्ना) के सामने का चौक मोमबत्तियों से भरा होता है। मेहमान चटाइयों पर बैठते हैं, उन्हें मीठी चाय दी जाती है और वे रबाबा और बाँसुरी पर बद्दू संगीत सुनते हैं, साथ में पेट्रा की एक छोटी कहानी, और फिर ट्रेज़री बदलते रंगों से रोशन हो उठती है।

दिन, टाइमिंग और अवधि

पेट्रा बाय नाइट आम तौर पर सोमवार, बुधवार और गुरुवार की शाम होता है। यह लगभग रात 8:30 बजे शुरू होकर लगभग 10:30 बजे ख़त्म होता है, और ट्रेज़री वाले चौक का कार्यक्रम लगभग एक घंटा चलता है। सीज़न, छुट्टियों या ख़राब मौसम के हिसाब से शेड्यूल बदल सकता है, इसलिए उसी दिन विज़िटर सेंटर या अपने होटल से पक्का कर लें।

दिन, टाइमिंग और अवधि
फ़ोटो: Bernard Gagnon · CC BY-SA 3.0

टिकट

पेट्रा बाय नाइट का अलग टिकट लगता है: यह पेट्रा के सामान्य टिकट या जॉर्डन पास में शामिल नहीं है। टिकट पेट्रा विज़िटर सेंटर पर मिलते हैं, और वादी मूसा के कई होटल आपके लिए बुक कर सकते हैं।

क्या यह देखने लायक़ है?

पहले से पता हो कि क्या उम्मीद करें, तो अच्छा रहता है। मोमबत्तियों से रोशन सीक़ की सैर जादुई है और दिन की सैर से बिल्कुल अलग। चौक में भीड़ हो सकती है, और ट्रेज़री की फ़ोटो फ़ोन के नाइट मोड या ट्राइपॉड से सबसे अच्छी आती हैं।

अगर आपको माहौल, संगीत और रात का आसमान पसंद है, तो यह जॉर्डन की सबसे यादगार शामों में से एक है। अगर आप सिर्फ़ स्मारक देखना चाहते हैं, तो दिन की सैर में आपको कहीं ज़्यादा दिखेगा।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

पेट्रा बाय नाइट क्या है?

शाम का एक कार्यक्रम, जिसमें सीक़ और ट्रेज़री के सामने का चौक मोमबत्तियों से रोशन होता है, साथ में बद्दू संगीत, चाय और पेट्रा की एक छोटी कहानी।

पेट्रा बाय नाइट किन दिनों होता है?

आम तौर पर सोमवार, बुधवार और गुरुवार की शाम, लगभग रात 8:30 बजे से। उसी दिन पक्का कर लें, क्योंकि शेड्यूल बदल सकता है।

क्या पेट्रा बाय नाइट जॉर्डन पास में शामिल है?

नहीं। इसके लिए अलग टिकट लगता है, जो पेट्रा विज़िटर सेंटर पर मिलता है।

पेट्रा बाय नाइट कितनी देर चलता है?

कुल लगभग दो घंटे, जिसमें हर तरफ़ लगभग दो किलोमीटर की पैदल सैर और ट्रेज़री वाले चौक में लगभग एक घंटा शामिल है।

क्या पेट्रा बाय नाइट देखने लायक़ है?

माहौल और संगीत पसंद करने वाले ज़्यादातर लोगों के लिए, हाँ: मोमबत्तियों से रोशन सीक़ भुलाया नहीं जा सकता। लेकिन यह दिन की सैर की जगह नहीं ले सकता, जिसमें पेट्रा का कहीं ज़्यादा हिस्सा दिखता है।